


रेलाइब्टा इन्जेक्शन
लेखक डॉ. सुबिता अलघ, बीडीएस,
समीक्षक डॉ. मेखला चंद्रा, MD, MBBS,
लास्ट अपडेटेड on 28 सितंबर 2026 | 01:04 AM (Ist)
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सामान्य जानकारी
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परिचय
रेलाइब्टा इन्जेक्शन हेल्थकेयर प्रोफेशनल की देखरेख में दिया जाता है. अगर आप एक खुराक लेना भूल जाते हैं तो जैसे ही याद आए वो खुराक लें. बेहतर महसूस होने के बावजूद भी दवा की कोई खुराक ना छोड़ें और इलाज का कोर्स पूरा खत्म करें. यह आवश्यक है कि अपने डॉक्टर से बात किए बिना इस दवा को अचानक बंद न किया जाए.
इस दवा के कुछ सामान्य साइड इफ़ेक्ट में सिरदर्द, पसीना आना, बुखार, ठंड लगना और फ्लू जैसे लक्षण शामिल है. ये आमतौर पर अस्थायी होते हैं और सामान्य रूप से कुछ समय में अपने आप दूर हो जाते हैं. हालांकि, अगर वे लंबे समय तक बने रहते हैं या और गंभीर हो जाते हैं तो आपको अपने डॉक्टर को तुरंत बताना चाहिए.
आपके डॉक्टर लिवर फंक्शन, थाइरॉइड फंक्शन और ब्लड सेल काउंट की नियमित निगरानी रखने की सलाह दे सकते हैं. अगर आपके मूड या व्यवहार में कोई असामान्य बदलाव होता है, नया या खराब डिप्रेशन होता है अथवा आत्महत्या के विचार आते हैं तो आपको अपने डॉक्टर को सूचित करना आवश्यक है. गर्भवती और स्तनपान करने वाली माताओं को इस दवा को लेने से पहले डॉक्टर से परामर्श करना चाहिए.
रेलाइब्टा इन्जेक्शन के मुख्य इस्तेमाल
रेलाइब्टा इन्जेक्शन के फायदे
मल्टीपल स्केलेरोसिस (एमएस) मस्तिष्क और मेरुदंड की एक बीमारी है जिसमें एक व्यक्ति का अपना इम्यून सिस्टम तंत्रिकाओं की सुरक्षात्मक शीथ (जिसे मायलिन कहा जाता है) पर हमला करता है. इससे दिखने में कमी आना, दर्द, थकान और समन्वय बनाने में परेशानी जैसे लक्षण विकसित हो सकते हैं. रेलाइब्टा इन्जेक्शन से शरीर के इम्यून सिस्टम को रोकने में मदद मिलती है, जिससे बीमारी का बढ़ना कम हो जाता है. यह डैमेज्ड नसों की सूजन को कम करता है, और-अधिक नुकसान की रोकथाम करता है और आपके इम्यून सिस्टम को स्थिर बनाता है. यह दवा डॉक्टर या नर्स द्वारा इंजेक्शन के रूप में दी जाती है और इसे खुद से नही लेना चाहिए. सबसे बेहतर नतीजे पाने के लिए अपने डॉक्टर के निर्देशों का ध्यान से पालन करें.
रेलाइब्टा इन्जेक्शन के साइड इफेक्ट
- सिरदर्द
- पसीना आना
- बुखार
- ठंड लगना
- फ्लू जैसे लक्षण
रेलाइब्टा इन्जेक्शन का इस्तेमाल कैसे करें
रेलाइब्टा इन्जेक्शन किस प्रकार काम करता है
ख़ास टिप्स
- आमतौर पर, रेलाइब्टा इन्जेक्शन को मांसपेशियों में इंजेक्शन के रूप में हफ्ते में 3 बार दिया जाता है.
- अगर आप बेहतर महसूस करने लगे हैं, तो भी कोई खुराक न छोड़ें और पूरा कोर्स पूरा करें.
- रेलाइब्टा इन्जेक्शन से आपको चक्कर आ सकता है इसलिए गाड़ी चलाते समय या एकाग्रता वाला कोई काम करते समय सावधानी बरतें.
- इस दवा को लेते समय आपका डॉक्टर नियमित रूप से आपके लिवर कार्यक्षमता, थायरॉइड कार्यक्षमता और रक्त कोशिका की मात्रा की निगरानी कर सकता है.
- अगर मूड में अचानक बदलाव नज़र आये या आत्महत्या का विचार आए तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें.
सुरक्षा संबंधी सलाह

अल्कोहल

गर्भावस्था

स्तनपान

ड्राइविंग

किडनी

लिवर
अन्य दवाओं के साथ पारस्परिक प्रभाव (इंटरैक्शन)
ज़ाइडोव्युडीन (ओरल रूट)
नैटैलिज़मैब (इंजेक्शन रूट)
ज़ाइडोव्युडीन (इंजेक्शन रूट)
अमीनोफाइलीन (ओरल रूट)
वारफेरिन (ओरल रूट)
फैक्ट बॉक्स
रासायनिक वर्ग
लत लगने की संभावना
चिकित्सीय वर्ग
एक्शन क्लास
संदर्भ
- Interferon beta-1a. Maidenhead, Berkshire: Biogen Idec Ltd.; 1997 [revised Aug. 2018]. [Accessed 25 Jan. 2019] (online) Available from:
- Drugs and Lactation Database (LactMed) [Internet]. Bethesda (MD): National Library of Medicine (US); 2006. Interferon Beta. [Updated 2020 Jan 20]. [Accessed 20 Feb. 2020] (online) Available from:
- Interferon Beta-1A. 1996 [revised Feb. 2012]. [Accessed 25 Mar. 2019] (online) Available from:




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