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असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव (एब्नार्मल यूटराइन ब्लीडिंग) : Diet Plan for Abnormal Uterine Bleeding

एब्नार्मल यूटराइन ब्लीडिंग का मतलब मासिक धर्म के दौरान होने वाला असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव है। अनेक महिलाओं को माहवारी के दौरान गर्भाशय से सामान्य से अधिक रक्तस्राव होता है। असामान्य रक्तस्राव के कारण महिलाओं को दर्द भी होता है, और उनके जीवन पर भी बुरा असर पड़ता है। अगर आपको भी ऐसी समस्या होती है, और तो घबराएं नहीं, क्योंकि यहां असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव के लिए डाइट प्लान की जानकारी दी जा रही है। इलाज कराने के साथ-साथ डाइट में बदलाव लाकर आप असामान्य रक्तस्राव से राहत पा सकती हैं।

असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव के लिए इस डाइट चार्ट को अपनाकर आप न सिर्फ बीमारी पर काबू पा सकती हैं, बल्कि खुद को स्वस्थ भी बना सकती हैं।

Contents

असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव होने पर क्या खाएं (Your Diet During Abnormal Uterine Bleeding)

असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव होने पर आपका आहार ऐसा होना चाहिएः-

  • अनाज: पुराना शाली चावल, गेहूं, दलिया, पतली खिचड़ी, जौ
  • दाल: मूंग, मसूर
  • फल एवं सब्जियां: हरी सब्जियां, पत्ता गोभी, शलजम, पालक, ब्रोकली, बीन्स, गाजर, शकरकंद, चुकंदर, आड़ू, बादाम, नाशपाती, लौकी, तोरई, परवल, करेला, कददू, मौसमी सब्जियां, चौलाई, बथुआ, अमरूद, आंवला, मूली

और पढ़ें: पालक के फायदे

  • अन्य: हल्का भोजन, लहसुन, गुलकंद, गेहूं का अंकुर

और पढ़ेंः गेहूं के हैरान कर देने वाले फायदे

असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव होने पर क्या ना खाएं (Food to Avoid in Abnormal Uterine Bleeding)

असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव होने पर इनका सेवन नहीं करना चाहिएः-

  • अनाज: नया धान, मैदा,
  • दाल: काबुली चना, कुलथ दाल
  • फल एवं सब्जियां: कटहल, बैंगन, अरबी (गुइया),
  • अन्य: तिल, फ़ास्ट फ़ूड, गन्दा पानी, पेट को फुलाने वाला आहार, जलन करने वाला, अम्ल बनाने वाला और देर से पचने वाला भोजन नहीं लेना चाहिये
  • स्त्री संबंधित रोगों में इनका सेवन न करें-                                                                

    मांस व मांसाहारी सूप, दूध से बने पदार्थ चाय, काफी, शराब, जंक फ़ूड या पनीर, मक्खन, क्रीम, चॉकलेट और सोया पदार्थ

और पढ़ेंः स्तनों में दूध बढ़ाने के लिए उपयोगी घरेलू नुस्खे

गर्भाशय से असामान्य रक्तस्राव होने पर आपका डाइट प्लान (Diet Plan for Abnormal Uterine Bleeding)

गर्भाशय से असामान्य रक्तस्राव होने पर सुबह उठकर दांतों को साफ करने (बिना कुल्ला किये) से पहले खाली पेट 1-2 गिलास गुनगुना पानी पियें।

समय आहार योजना (शाकाहार)
नाश्ता (8 :30 AM) 1 कप पतंजलि दिव्य पेय / ½ गिलास दूध + 2-3 पतंजलि आरोग्य बिस्कुट /पोहा /उपमा (सूजी)/ इडली/ उत्तपम /दलिया / कॉर्नफ्लैक्स / अंकुरित अनाज / 1-2 पतली रोटियां (पतंजलि मिश्रित अनाज आटा ) + 1 कटोरी दाल या सब्जी /मूंग दाल खिचड़ी / 1 प्लेट फलों का सलाद (सेब, अमरुद, पपीता, नाशपाती)
दिन का भोजन (12:30-01:30 PM 2-3 पतली रोटियां (पतंजलि मिश्रित अनाज आटा ) + 1 कटोरी चावल (मण्ड रहित)  + 1 कटोरी हरी सब्जियांरेशेदार / साग (उबली हुई) + 1 कटोरी दाल मूंग (पतली) + 1 कटोरी मटठा + 1 प्लेट  सलाद
शाम का नाश्ता (5:30-6:00 pm) 1 कप दिव्य पेय + 2-3 बिस्कुट (आरोग्य, पतंजलि)/ 1कटोरी पतंजलि कॉर्न फ्लैक्स या सब्जियों का सूप
रात का भोजन (7: 00 – 8:00 Pm)

2-3 पतली रोटियां (पतंजलि मिश्रित अनाज आटा) + 1 कटोरी हरी सब्जियां (उबली हुई) +1 कटोरी दाल मूंग (पतली)  

 

सोने के समय (10:00 pm) 1 कप दूध /पावर बीटा /बादाम पाक पतंजलि

सलाह: यदि मरीज को चाय की आदत है तो इसके स्थान पर 1 कप पतंजलि दिव्य पेय दे सकते है।

और पढ़ें: नाशपाती के फायदे

और पढ़ेंः मूंग दाल के फायदे और उपयोग

गर्भाशय से असामान्य रक्तस्राव होने पर आपकी जीवनशैली (Your Lifestyle in Abnormal Uterine Bleeding)

गर्भाशय से असामान्य रक्तस्राव होने पर आपकी जीवनशैली ऐसी होनी चाहिएः-

  • पहले वाले भोजन के पचे बिनाभोजन न करें।
  • प्यास, पेशाब और शौच को न रोकें।
  • शारिरिक व्यायाम न करें।
  • दिन में न सोएं।
  • चीनी कम मात्रा में लें।
  • ज्यादा पानी पीएं।
  • योग प्राणायाम करें। गर्भ निरोधक गोली का सेवन ना करें।
  • कीट नाशक दवाइयों के इस्तेमाल से बचें।
  • प्राकृतिक सौंदर्य प्रसाधन का ही प्रयोग करें।

और पढ़ेरक्तस्राव होने पर नींबू के फायदे

गर्भाशय से असामान्य रक्तस्राव होने पर ध्यान रखने वाली बातें (Points to be Remember in Abnormal Uterine Bleeding)

गर्भाशय से असामान्य रक्तस्राव होने पर आपको इन बातों का ध्यान रखना हैः-

(1) ध्यान एवं योग का अभ्यास रोज करें।

(2) ताजा एवं हल्का गर्म भोजन अवश्य करें।

(3) भोजन धीरे-धीरे शांत स्थान में शांतिपूर्वक, सकारात्मक एवं खुश मन से करें।

(4) तीन से चार बार भोजन अवश्य करें।

(5) किसी भी समय का भोजन नहीं त्यागें, एवं अत्यधिक भोजन से परहेज करें।

(6) हफ्ते में एक बार उपवास करें।

(7) अमाशय का 1/3rd / 1/4th भाग रिक्त छोड़ें।

(8) भोजन को अच्छी प्रकार से चबाकर एवं धीरे-धीरे खायें।

(9) भोजन लेने के बाद 3-5 मिनट टहलें। 

(10) सूर्यादय से पहले [5:30 – 6:30 am] जाग जायें। 

(11) रोज दो बार दांतों को साफ करें।

(12) रोज जिव्हा करें।

(13) भोजन लेने के बाद थोड़ा टहलें।

(14)  रात में सही समय पर [9-10 PM] नींद लें।

और पढ़ेंब्लीडिंग रोकने में दूर्वा घास के फायदे

असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव होने पर योग और आसन (Yoga and Asana for Abnormal Uterine Bleeding)

असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव होने पर आप ये योग और आसन कर सकते हैंः-

  • योग प्राणायाम एवं ध्यान: भस्त्रिका, बाह्यप्राणायाम, अनुलोम विलोम, भ्रामरी, उदगीथ, उज्जायी, प्रनव जप, कपालभाति (मासिक धर्म के समय ना करें) वैद्यानिर्देशानुसार।
  • आसन: बज्रासन, नौकासन, गोमुखासन, उत्तानपादासन, कन्धरासन, सर्वांगासन।

और पढ़ेंः माहवारी में कम ब्लीडिंग होने के लक्षण, कारण, घरेलू उपचार और परहेज

आचार्य श्री बालकृष्ण

आचार्य बालकृष्ण, आयुर्वेदिक विशेषज्ञ और पतंजलि योगपीठ के संस्थापक स्तंभ हैं। चार्य बालकृष्ण जी एक प्रसिद्ध विद्वान और एक महान गुरु है, जिनके मार्गदर्शन और नेतृत्व में आयुर्वेदिक उपचार और अनुसंधान ने नए आयामों को छूआ है।

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